Tag: Romantic Love Shayari in Hindi

KABHI SOCHA V NAHI TA Sad Shayari

KABHI SOCHA V NI TA Sad Shayari in hindi   कभी सोचा भी नहीं था,, कि मुझे भी इश्क़ होगा कभी ,,,, पता नहीं तुम्हे कब देखा, और कब मुझे इश्क़ हो गया  । देख कर उन्हें , बार बार देखने की…Read More »

KASH WO SIRF MERI HOTI

YE KHUDA WO MERI HOTI ये खुदा, काश वो सिर्फ मेरी होती ,, या फिर वो मुझे, मेरी ज़िन्दगी में मिली ही ना होती … USE BHI ISHQ HAI खबर पक्की है “बॉस” … उसे भी इश्क है ,, क्या ? सचमुच…Read More »

DHUNDHTE DHUNDHTE MAINE EK UMAR GUJARI

MAINE EK UMAR GUJARI ढूँढते ढूँढते मैंनें एक उम्र गुजारी जिसको ,, एकाएक उसे सामने देखूँ , तो मैं पागल हो जाऊँ । MAHFIL ME HAMARI SHAYARI महफ़िल में जो हमारी शायरी सुनने से कतराते थे ,, मालुम चला तन्हाइयों में वो,…Read More »

kaise gujar rahi hai zindgi

कैसे गुजर रही है ज़िन्दगी कैसे गुजर रही है ज़िन्दगी, ये हर आते जाते लोग पूछ रहे हैं ,, मगर वो तेरे साथ दिखाई नहीं दे रही, ये कोई नहीं पूछता है … Bas halka sa muskura do to अरे सुनो तो,…Read More »

ज़िक्र तुम्हारा ही चल रहा था

यूँ ही नहीं मुस्कुराए हम ज़िक्र तुम्हारा ही चल रहा था मन … यूँ ही नहीं मुस्कुराए हम… दिल में ही रहो दिल में ही रहो मन … बाहर गर्मी बहुत ज्यादा है। तुम सा हसीन इस जमाने मे नहीं तुम सा…Read More »

इश्क़ एक खूबसूरत एहसास है

इस एहसास को समेटना चाहता इश्क़ एक खूबसूरत एहसास है “मन” , और मैं इस एहसास को समेटना चाहता हूँ। ऐ “मन” तू क्यों रोता ऐ “मन” तू क्यों रोता है … ये दुनिया है , यहाँ तो हरपल ऐसा ही होता…Read More »

मीठे लोगों से मिलकर मैंने जाना

कड़वे लोग अक्सर सच्चे होते मीठे लोगों से मिलकर मैंने जाना … तीखे कड़वे लोग अक्सर सच्चे होते हैं…!! वक़्त से पहले कई हादसों से लडा वक़्त से पहले कई हादसों से लडा हूं … मै आपनी उम्र से कई साल बड़ा…Read More »

महाराजा रणजीत सिंह

महाराजा रणजीत सिंह ;- सिख शासन की शुरुवात करने वाले रणजीत सिंह ने उन्नीसवी सदी में अपना शासन शुरू किया, उनका शासन पंजाब प्रान्त में फैला हुआ था और उन्होने दल खालसा नामक एक संगठन का नेतृत्व किया था. उन्होने छोटे गुटों…Read More »

अपनी सोच को थोड़ा बदल कर देखो

मुझसे भी बुरे हैं लोग मेरे बारे में अपनी सोच को थोड़ा बदल कर देखो । मुझसे भी बुरे हैं लोग , कभी घर से बाहर निकल कर देखो !!! मैं बहुत अच्छा हूँ” “पहले मुझे लगता था कि मैं अच्छा हूँ…Read More »

उसने कसम खाई थी बात नहीं करने की

ढेर सारी बातें कर रही थी उसने कसम खाई थी कभी बात नहीं करने की । मगर पिछली रात ख्वाबो में ढेर सारी बातें कर रही थी । चांद भी झाकता रहता चांद भी झाकता रहता उसे , उसकी खिड़कियों से ।…Read More »